प्राचार्य ने छात्र को पीटा डंडे से, बाकी स्कूली बच्चे दहशत में…

मो हदीस,सीतापुर :- जहां एक ओर शिक्षा क़ानून मे नई निति के तहत भय मुक्त शिक्षा लागु किया गया है, ताकि देश का हर बच्चा भय मुक्त वातावरण में आसानी से शिक्षा ग्रहण कर सके। वही इसके विपरीत भय का वातावरण निर्मित कर बच्चों को शिक्षा देने की कवायद स्वामी आत्मानंद स्कूल के प्राचार्य द्वारा किया जा रहा है।
एक मामूली सी बात पर स्कूल के प्राचार्य ने अपना आपा खो बैठा और 9 वी के छात्र को क्लास मे ही जमकर डंडे से पिटाई कर दी,इस दौरान डंडे के दो टुकड़े हो गये। और छात्र के पीठ पर गहरा निशान बन गया। घटना की जानकारी लगते ही परिजन सीधे स्कूल पहुचे और प्राचार्य के प्रति आक्रोश जताते हुए उसे हटाने कि माँग की।इस घटना से छात्रों मे दहशत का माहौल है।
मामला स्वामी आत्मानंद स्कूल देवगढ़ का है ।जहा कल 9 वी का छात्र कुणाल ठाकुर आ,राजेश ने ब्लेजर के जगह उसी से मिलता जुलता जैकेट पहन लिया था। वजह यह था कि दो दिन बारिश हो ने के कारण ब्लेजर सुख नहीं पाया था। क्लास चल रही थी इस बीच हाथ मे डंडा लिए प्राचार्य सुनील गुप्ता निरीक्षण करने वहा पहुचे जैसे ही उनकी नजर कुणाल पर पड़ी अपनी आपा खो बैठे और उन्होंने छात्र से जैकेट उतरवाई और डंडे से पीटने लगे, इस दौरान डंडा टूट गया तब जाकर महोदय का गुस्सा शांत हुआ। उनके जाने के बाद क्लास टीचरों ने बच्चे को चुप कराया,और उसके शर्ट हटा कर देखा तो डंडे का निसान बना था जिस पर दवा लगाये।
घटना की जानकारी लगते से कुणाल के परिजनों ने स्कूल पहुँच कर बच्चे का हाल देख जमकर आक्रोश जताई एव प्राचार्य सुनील गुप्ता को हटाने कि माँग किया। इस घटना से कई अविभावक नाराज है और वे अगले सत्र अपने बच्चों का नाम कटवाकर अन्यत्र स्कूल मे पढ़ाने कि बात कर रहे है।
पहले भी हो चुका है ऐसी घटना –
बताया जाता है कि इस स्कूल मे यह कोई पहली घटना नहीं है इस तरह कि घटना पूर्व मे भी हो चुकी है किंतु माफ़ी तलाफि कर मामला शांत करा दिया जाता है।बताया तो यह भी जाता है इस तरह के घटना के बाद प्राचार्य द्वारा बच्चों को धमकी भी दिया जाता है कि तुम्हारा नाम काट दिया जाएगा अथवा परीक्षा में फेल कर दिया जायेगा। सम्भवतः जिसके भय से मामले दब जाते है, इतना हि नहीं आरोप तो यह भी है कि बच्चों को कम नंबर देने की धमकी देकर उनसे वाटर फिल्टर, तथा ईट सीमेंट आदि लिया गया है। मामले की सच्चाई तो, जांच के बाद ही स्पस्ट होगा । फिलहाल इस पूरे मामले पर सूक्ष्मता से जांच आवश्यकता है।
लंबे समय से डटे है प्राचार्य – बताया जाता है कि जब से स्वामी आत्मानंद स्कूल देवगढ प्रारम्भ हुआ है तब से लेकर अब तक सुनील गुप्ता प्राचार्य के पद पर डटे हुए है, और तब से लेकर अब तक ये हमेशा विवादित सुर्खियों मे रहते है।
क्या कहते हैं प्राचार्य सुनील गुप्ता :- स्वामी आत्मानंद स्कूल – मैंने स्कूल के अनुशासन का पालन करने के उद्देश्य से डराने कि कोशिश किया था, उसे पहले भी कई बार समझाइश दी गई थी।





