बलरामपुर
उज्जवला योजना पूरी तरह फलाफ़,आज भी महिलाएं मिट्टी चूल्हा का उपयोग कर रहीं हैं…

अनिल सोनी, बलरामपुर – बलरामपुर जिले में उज्ज्वला योजना दम तोड़ती नजर आ रही हैं। एलपीजी गैस कनेक्शन वितरण के बाद आज तक लगभग 10 से 12 प्रतिशत ही गैस की रिफिलिंग हुई है। बलरामपुर जिले में आज तक 67727 गैस कनेक्शन की वितरण की गई थी। आज भी महिलाएं मिट्टी वाला चूल्हा का ही उपयोग कर रही है। गांव के ग्रामीण महिलाएं योजनाएं का लाभ नही ले रही है। आज भी महिलाएं आदम योग में अपना जीवन यापन कर रही है। जंगल से लकड़ी काटकर लकड़ी से खाना पका रही है। जिसके कारण जंगल का भी कटाई जोरो से चल रहा है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1 मई 2016 को प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना की शुरुआत की थी और योजना के अनुसार 5 करोड़ गरीब महिलाओं को फ्री गैस कनेक्शन मुहैया कराने की योजना बनाई गई है। इसी योजना के तहत छत्तीसगढ़ सरकार ने भी गरीब परिवारों को लाखो कनेक्शन प्रदान किये है। छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा दिए गए आंकड़ो के अनुसार छत्तीसगढ़ में लगभग सवा साल में गरीब परिवार की 16 लाख 23 हजार 113 महिलाओं को रसोई गैस कनेक्शन दिया गया है। इनमें ग्रामीण क्षेत्रों की एक लाख 40 हजार 688 महिलाएं, शहरी क्षेत्रों की 58 हजार 197 महिलाएं और एक लाख 58 हजार 29 निर्माण श्रमिक परिवार की महिलाएं शामिल है।

केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गई इस योजना से गरीब महिलाओं को जल्द ही मिट्टी के चूल्हे से आजादी मिल जाएगी। इस योजना का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में खाना पकाने के लिए उपयोग में आने वाले जीवाश्म ईंधन की जगह एलपीजी के उपयोग को बढ़ावा देना था। योजना का एक मुख्य उद्देश्य महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देना और उनकी सेहत की सुरक्षा करना भी था। गरीब परिवार की महिला सदस्यों को मुफ्त रसोई गैस (एलपीजी) कनेक्शन मुहैया कराने के लिए मंत्रिमंडल ने 8,000 करोड़ रुपएं की योजना को मंजूरी दी थी। 1 मई 2016 को शुरू किया गया था। जिसके अंतर्गत गरीब महिलाओं को मुफ्त एलपीजी गैस कनेक्शन मिला।

बलरामपुर जिले में 67727 महिलाओं को मिला एलपीजी गैस कनेक्शन…
बलरामपुर जिले में कुल 67727 एलपीजी कनेक्शन महिलाओं को विरतण की गई है जिसमे विकाशखण्ड राजपुर में 10827, बलरामपुर में 11018, रामानुजगंज में 15820, शंकरगढ़ में 5320, कुसमी में 9700 व वाड्रफनगर में 15050 को वितरण की गई है।

एलपीजी कनेक्शन छोड़ ग्रामीण महिलाएं मिट्टी चूल्हा का उपयोग कर रही है…
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1 मई 2016 को प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना की शुरुआत की थी और योजना के अनुसार 5 करोड़ गरीब महिलाओं को फ्री गैस कनेक्शन मुहैया कराने की योजना बनाई गई है। 2011 सर्वे सूची में गरीब परिवार वालो को एलपीजी गैस कनेक्शन भी वितरण की गई है। उसके वाद 10 से 12 प्रतिशत गैस ही बलरामपुर जिले में रिफिलिंग हुई हैं। गांव के ग्रामीण महिलाओं के द्वारा गैस छोड़ कर पुनः लकड़ी से खाना पकाना पसंद कर रही है।

लकड़ी से खाना पकाने से हो रही है जंगलों की अवैध कटाई…
बलरामपुर जिले में एलपीजी गैस कनेक्शन छोड़ कर महिलाओं के द्वारा लकड़ी से खाना पकाना पसंद कर रहीं है। जिसके कारण जंगलो का अवैध कराई जोरों से जारी है। जंगल कटाई में पुरुष के साथ महिलाएं व बच्चे भी शामिल हैं।
कई महिलाओं को आज तक एलपीजी गैस कनेक्शन चलानें नही आया…
बलरामपुर जिले में कई महिलाओं को आज तक गैस कनेक्शन चलाने नही आया महिलाएं गैस कनेक्शन चलाने से डरती है । 2011 सर्वे सूची में जिनका नाम अंकित था। उस गरीब परिवार वालो को निःशुल्क में एलपीजी गैस कनेक्शन तो मिला मगर महिलाएं गैस कनेक्शन फटने के डर से चलाने से डर रहीं हैं। गैस को अपने घरों में लेजाकर रख दी है। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना का लाभ महिलाएं नहीं ले पा रही हैं। उज्ज्वला योजना एक सो पीस बन कर रह गया है। सरकार उज्ज्वला योजना के तहत 8000 करोड़ रुपए फूक डाले आज भी महिलाएं मिट्टी का चूल्हा फूकने में विवस हैं।
क्या कहते हैं जिले के अधिकारी..



